समस्त ब्लॉग/पत्रिका का संकलन यहाँ पढें-

पाठकों ने सतत अपनी टिप्पणियों में यह बात लिखी है कि आपके अनेक पत्रिका/ब्लॉग हैं, इसलिए आपका नया पाठ ढूँढने में कठिनाई होती है. उनकी परेशानी को दृष्टिगत रखते हुए इस लेखक द्वारा अपने समस्त ब्लॉग/पत्रिकाओं का एक निजी संग्रहक बनाया गया है हिंद केसरी पत्रिका. अत: नियमित पाठक चाहें तो इस ब्लॉग संग्रहक का पता नोट कर लें. यहाँ नए पाठ वाला ब्लॉग सबसे ऊपर दिखाई देगा. इसके अलावा समस्त ब्लॉग/पत्रिका यहाँ एक साथ दिखाई देंगी.
दीपक भारतदीप की हिंद केसरी पत्रिका
-------------------------


Thursday, September 3, 2015

हिन्दी दिवस और सनी लियोनी पर आज के ट्विटर(Today Twitter on hindi diwas and sunny lione)

          
             सामाजिक संगठन राज्यकर्म की जानकारी या समीक्षा करने का राजसी कर्म न करें-यह कौनसा नियम है।
         विदेशी विचाराधारायें तो पूरी तरह से राजनीतिक विस्तारवाद के पोषक हैं उनके समर्थक राष्ट्रीयस्वयंसेवकसंघ को सिखा रहे हैं कि वह राजसीकर्म न करे।
                राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ की भारतीय समाज के उस मध्यम वर्ग में बहुत पहुंच  है जो बौद्धिक शक्ति रखता है इसलिये उसकी चिंता करना ही चाहिये।
           14 सितम्बर 2015 हिन्दी दिवस पर कार्यक्रमों के लिये दिल्ली प्रवास का कार्यक्रम है। चाहें तो    पर संपर्क कर सकते हैं।
               राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ जानता है कि मध्यमवर्ग देशी और समाज में रीढ़ की हड्डी है इसलिये वह उसे दृढ़ बनाने के लिये सक्रिय रहता है।
           ट्विटर पर लोग हम पर हिन्दी थोपना रोकने की मांग कर रहे हैं, यह अच्छा लगा। अब अंग्रेजीवादियों को चिढ़ाने के लिये हिन्दी दिवस पर खूब लिखेंगे। जो अहिन्दी भाषी हिन्दी का विरोध करते हैं उन्हें यह समझना चाहिये कि उनकी मातृभाषा भी देवभाषा संस्कृत की पुत्री है। अगर कुछ लोग यह सोचते हैं कि भारत शब्द, भारतीय भाषा और धर्म के प्रति घृणा का भाव दिखाकर विदेशियों से सहानुभूति प्राप्त करेंगे तो वह भ्रम पाल रहे हैं।
             सनी लियोनी के कंडोम विज्ञापन बंद करने से बलात्कार कम हो जायेंगे-इस अंधविश्वास का कथित समाज सुधारक अभियान से प्रतिकार करें। सनी लियोन के विज्ञापन से बलात्कार की घटनायें बढ़ी है तो हमारा मानना है कि हिन्दी फिल्मों से देश में कायरता बढ़ी है। कोई रोक की मांग करेगा?यह सनीलियोनी कौन है हमें पता नहीं! टीवी चैनलों पर उसके कंडोम विज्ञापन के विरोध में चर्चा हो रही तब पता लगा कि वह देश के लिये खतरा है। सनीलियोनी के एक विज्ञापन का इतना बुरा प्रभाव हो सकता है यह बात भारतीय अध्यात्मिक दर्शन का ज्ञानी नहीं मान सकता।
-------------
दीपक राज कुकरेजा ‘‘भारतदीप’’
ग्वालियर मध्यप्रदेश
Deepak Raj Kukreja "Bharatdeep"
Gwalior Madhyapradesh
संकलक, लेखक और संपादक-दीपक राज कुकरेजा ‘भारतदीप’,ग्वालियर 
athor and editor-Deepak Raj Kukreja "Bharatdeep",Gwalior
http://zeedipak.blogspot.com
यह पाठ मूल रूप से इस ब्लाग‘दीपक भारतदीप की अंतर्जाल पत्रिका’ पर लिखा गया है। अन्य ब्लाग
1.दीपक भारतदीप की शब्द लेख पत्रिका
2.शब्दलेख सारथि
3.दीपक भारतदीप का चिंतन
४.शब्दयोग सारथी पत्रिका
५.हिन्दी एक्सप्रेस पत्रिका 
६.अमृत सन्देश  पत्रिका

No comments:

Post a Comment

अध्यात्मिक पत्रिकाएं

आप इस ब्लॉग की कापी नहीं कर सकते

Text selection Lock by Hindi Blog Tips